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मोहनलालगंज – नहरों में पानी न आने से किसान बेहाल 

(मेंथा की फसल हो रही चौपट )

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नहरों में पानी न आने से किसान बेहाल 

(मेंथा की फसल हो रही चौपट )

रिपोर्टर – सूरज अवस्थी
मोहन लाल गंज / लखनऊ । तहसील मोहन लाल गंज क्षेत्र की नहरों में पानी न आने से क्षेत्रीय किसान बेहाल है । वही दूसरी ओर उनकी मेंथा की फसल भी चौपट हो रही है , क्षेत्रीय किसानों ने बताया कि कनकहा , समेसी , निगोहां , नगराम , सिसेंडी , गोसाईगंज आदि क्षेत्रों में हेड से लेकर टेल तक पानी न पहुचने के कारण इन क्षेत्रों के किसानों की मेंथा की फसल चौपट हो रही है , क्षेत्रीय किसानों ने बताया कि एक तो चिलचिलाती गर्मी , ऊपर से प्रचंड धूप की तपिश और लू के थपेड़ों के बीच खड़ी किसानों के खेतों में मेंथा की फसल इन दिनों पानी के अभाव में चौपट हो रही है । रोज रोज महंगे किराए के पानी से मेंथा की फसल सींच पाना ऊपर से महंगे कीटनाशक के छिड़काव व रसायनिक उर्वरक के बाद पानी के अभाव में किसानों की मेंथा की फसल को बचा पाना एक चुनौती पूर्ण कार्य साबित हो रहा है । मसलन लागत अधिक और मुनाफा बहुत कम की चिंता किसानों को परेशान कर रही है । जिससे उनके माथे पर बल और चेहरे पर पसीना साफ तौर पर दिखाई दे रहा है , इस बात का अंदाजा किसी भी मेंथा की फसल को करने वाले किसान से मिलकर साफ तौर पर देखा जा सकता है । एक तो लागत अधिक ऊपर से बैंक के लोन की चिंता क्षेत्रीय किसानों के दिन का सुकून , और रातो की नींद छीने हुए है । और जिम्मेवार नहर विभाग के अधिकारी व कर्मचारी किसानों की समस्या को जानते हुए भी अनजान बने हुए है , और कागजो पर सिर्फ नहरों में भरपूर पानी दे रहे है , जबकि हकीकत कुछ और ही बया कर रही है । जिससे क्षेत्रीय किसानों में नहर विभाग के जिम्मेवारो की उदासीनता का खामियाजा किसानों को मेंथा की फसल को पानी के अभाव में चौपट होकर चुकाना पड़ रहा है , जिससे क्षेत्रीय किसानों में नहर विभाग के लापरवाह अफसरों की उदासीनता को लेकर खासा रोष पनप रहा है ।।

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